चर दशा
चर दशा जैमिनी ज्योतिष की प्रमुख समय-निर्धारण पद्धति है। ग्रह-आधारित विंशोत्तरी के विपरीत इसकी अवधियों पर राशियाँ शासन करती हैं; क्रम और हर राशि की अवधि आपके लग्न तथा राशि-स्वामियों की स्थिति से निकलती है। यह रिपोर्ट हर राशि अवधि की सटीक तिथियाँ दिखाती है और वर्तमान में चल रही अवधि उजागर करती है।
यह समय-निर्धारण का राशि-केंद्रित दृष्टिकोण देती है, जो ग्रह-केंद्रित विंशोत्तरी का पूरक है।
अपना परिणाम पाने के लिए नीचे अपना विवरण भरें।
अपना परिणाम कैसे पढ़ें
हर अवधि उसकी राशि और उस राशि के स्वामी (साथ में दिखाया गया) से पढ़ी जाती है; उस राशि में पड़ने वाले भाव अवधि के विषय गढ़ते हैं।
क्रम की दिशा और लंबाई इस पर निर्भर करती है कि लग्न विषम राशि है या सम — यही जैमिनी पद्धति की विशेषता है।
गणना कैसे होती है
आपकी लग्न राशि और राशि-अवधियों के क्रम तथा अवधि के जैमिनी नियमों (हर राशि-स्वामी की स्थिति के आधार पर) से निकाली जाती है।
इसे अपनी पूरी कुंडली में देखें
यह आपकी जन्म कुंडली का एक खंड है। पूरी मुफ़्त कुंडली बनाएँ — कुंडलियाँ, दशाएँ, दोष, पंचांग और बहुत कुछ।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
चर दशा क्या है?
यह जैमिनी की राशि दशा पद्धति है, जो जीवन की अवधियों का समय ग्रह से नहीं बल्कि राशि से तय करती है और लग्न से गणित होती है।
चर दशा विंशोत्तरी से किस तरह अलग है?
विंशोत्तरी की अवधियों पर ग्रह शासन करते हैं और वे चंद्र के नक्षत्र से तय होती हैं; चर दशा की अवधियों पर राशियाँ शासन करती हैं और वे लग्न से तय होती हैं।
क्या मुझे सटीक जन्म समय चाहिए?
हाँ — चर दशा लग्न से शुरू होती है, और लग्न लगभग हर दो घंटे में बदलता है, इसलिए सही जन्म समय और स्थान आवश्यक हैं।